Breaking News

छत्तीसगढ़ के नारायणपुर में नक्सली डंप से बड़ी मात्रा में राइफलें, बीजीएल शेल और विस्फोटक बरामद


देश 30 August 2026
post

छत्तीसगढ़ के नारायणपुर में नक्सली डंप से बड़ी मात्रा में राइफलें, बीजीएल शेल और विस्फोटक बरामद

नारायणपुर, 30 अगस्त । छत्तीसगढ़ के नारायणपुर जिले में अदनार के जंगल में चलाए जा रहे सर्चिंग अभियन के दौरान आज रविवार को सुरक्षाबलाें ने जमीन में गाड़कर छिपाए गए हथियारों का बड़ा नक्सली डंप बरामद किया है। बरामद विस्फोटकों को घने जंगलों के बीच प्लास्टिक से कवर कर रखा गया था। बरामद नक्सली डंप से 10 रायफल, 2 ग्रेनेड लॉन्चर, 13 जिंदा बीजीएल शेल, 16 जिंदा कारतूस, 2 किलोग्राम विस्फोटक एवं 1 टेलिस्कोपिक साइट मिला है।

नारायणपुर एसपी संदीप कुमार पटेल ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि नक्सल गतिविधियों के खात्मे में महत्वपूर्ण सफलता के बाद सुरक्षा बल जंगलों में किसी भी तरह के पुराने हथियार डंप और विस्फोटक सामग्री को लेकर सतर्क हैं। नक्सलियों द्वारा लंबे समय से जंगलों और दुर्गम क्षेत्रों में छिपाकर रखे गए हथियारों और अन्य सामग्रियों की तलाश के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। उन्हाेंने बताया कि पुराने नक्सली डंप की बरामदगी से क्षेत्र में मौजूद नक्सली गतिविधियों को पूरी तरह समाप्त करने में मदद मिलेगी। साथ ही जंगलों में छिपाए गए हथियार और विस्फोटक भविष्य में किसी संभावित खतरे का कारण न बनें, इसके लिए सर्चिंग अभियान को लगातार जारी रखा जा रहा है।

नारायणपुर पुलिस अधीक्षक पटेल, 129वीं वाहिनी बीएसएफ के कमांडेंट मुकेश कुमार के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (आप्स) अक्षय सबद्रा के मार्गदर्शन में नारायणपुर पुलिस और 129वीं वाहिनी बीएसएफ की संयुक्त टीम अदनार क्षेत्र के जंगल में सर्चिंग अभियान पर निकली थी। इसी दौरान ग्राम अदनार के उत्तर-पश्चिम दिशा में जवानों ने सघन तलाशी अभियान चलाया। इसमें सुरक्षा बलों को जंगल में नक्सलियों द्वारा पूर्व में छिपाकर रखा गया पुराना डंप मिला। जवानों ने डंप की तलाशी ली तो उसमें एक .303 राइफल, चार .315 राइफल और पांच 12 बोर राइफल मिलीं। इसके अलावा दो बैरल ग्रेनेड लांचर और एक टेलिस्कोपिक साइट भी मिली है। तलाशी के दौरान 13 जीवित बीजीएल शेल, 12 बोर के 16 कारतूस और करीब दो किलो विस्फोटक भी बरामद किया गया।

उन्होंने बताया कि नक्सल मुक्त हो चुके बस्तर को पूरी तरह सुरक्षित बनाने के लिए अभियान के तहत उन स्थानों की भी तलाश की जा रही है, जहां नक्सलियों ने पहले हथियार, गोला-बारूद और विस्फोटक छिपाकर रखे थे। 31 मार्च के बाद भी बस्तर के अलग-अलग जंगलों में नक्सलियों द्वारा पहले छिपाकर रखे गए हथियार और विस्फोटक सुरक्षा बलों की सर्चिंग के दौरान मिल रहे हैं। नारायणपुर, बीजापुर और दंतेवाड़ा में हुई बरामदगियों से स्पष्ट है कि पुराने डंप की तलाश अभी भी सुरक्षा अभियानों का अहम हिस्सा बनी हुई है। इससे जंगलों में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने में भी सहायता मिलेगी।

31 मार्च के बाद बरामद पांच बड़े नक्सली डंप-29 अप्रैल, कांकेर : जंगल में सर्चिंग के दौरान पांच-पांच किलो के सात कुकर आइईडी, दो पाइप बम, कोडेक्स वायर और अन्य माओवादी सामग्री बरामद की गई।

-3 मई, दंतेवाड़ा : बारसूर क्षेत्र के जंगल में माओवादियों का बड़ा विस्फोटक डंप मिला। सर्चिंग में करीब 10 किलो का पाइप बम, आइईडी और अन्य विस्फोटक सामग्री बरामद की गई।

-12 मई, नारायणपुर : अबूझमाड़ के जंगल में बड़े डंप से एक करोड़ एक लाख 64 हजार रुपये नकद, तीन एके-47, तीन एसएलआर, अन्य राइफलें और 132 बीजीएल सेल समेत इलेक्ट्रानिक डेटोनेटर व कारडेक्स वायर बरामद किए गए।

-13 मई, बीजापुर : माओवादियों के तीन ठिकानों से 65.52 लाख रुपये नकद, 32 हथियार, कारतूस और विस्फोटक बरामद किए गए। यह कार्रवाई दो सप्ताह तक चले अभियान के दौरान हुई।

-30 अगस्त, नारायणपुर : अदनार के जंगल में पुराने डंप से 10 राइफल, दो बैरल ग्रेनेड लांचर, 13 बीजीएल शेल, 16 कारतूस और करीब दो किलो विस्फोटक बरामद हुआ।

You might also like!


Channel not found or invalid API Key.