मैच में रिकॉर्ड्स की झड़ी लगी, लेकिन भारतीय
टीम के मुख्य कोच गौतम गंभीर गुवाहाटी की पिच से खुश नजर नहीं आए. उन्होंने मैच के
बाद पिच को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर की और कहा कि इस तरह की सतह पर बल्लेबाज और
गेंदबाज के बीच बराबरी का मुकाबला नहीं बनता.
गुवाहाटी के बरसापारा क्रिकेट स्टेडियम में भारत और वेस्टइंडीज के
बीच खेला गया दूसरा वनडे पूरी तरह बल्लेबाजों के नाम रहा. मुकाबले में कुल 811 रन बने. वेस्टइंडीज ने पहली बार वनडे क्रिकेट में 400 का आंकड़ा पार करते हुए 405/7 का स्कोर खड़ा किया,
जवाब में भारत ने भी पहली बार 400 से ज्यादा
के लक्ष्य का सफलतापूर्वक पीछा कर लिया. शुभमन गिल ने नाबाद 223 और रोहित शर्मा ने 101 रन बनाए.
गंभीर ने स्टार
स्पोर्ट्स से बातचीत में कहा में गेंद और बल्ले के बीच कुछ मुकाबला होना जरूरी है.
उनके मुताबिक, गुवाहाटी की पिच पर गेंदबाजों के
लिए ऐसा कुछ नहीं था, जिसका वे फायदा उठा सकें.
बरसापारा की पिच पूरे मुकाबले में बल्लेबाजों के लिए बेहद अनुकूल रही. वेस्टइंडीज
की ओर से जॉन कैंपबेल, शाई होप और आमिर जांगू ने शतक लगाए. इसके बाद भारत
की पारी में रोहित शर्मा और वेस्टइंडीज के गेंदबाजों की मुश्किलें और बढ़ा दीं.
दोनों ने पहले विकेट के लिए 254 रन की
साझेदारी की. रोहित ने 101 रन बनाए, जबकि
कप्तान गिल 223 रन बनाकर नाबाद रहे. भारत ने 406 रन का लक्ष्य महज 43.3 ओवर में दो विकेट खोकर हासिल
कर लिया.
गंभीर बोले- गेंदबाजों को भी कुछ मदद मिलनी चाहिए
भारतीय कोच ने कहा कि ऐसी पिच गेंदबाजों के साथ न्याय नहीं करती.
उनके मुताबिक, गेंदबाजों को कम से कम इतना सहयोग मिलना चाहिए कि
वे अपनी योजना के मुताबिक गेंदबाजी कर सकें.















