ब्रूसेल्स, 03 अक्टूबर डीजल की बढ़ती कीमतों और डोनाल्ड ट्रंप की ओर से अमेरिकी डीज़ल की सप्लाई रोकने की धमकी के बीच जी7 देशों ने अपने रणनीतिक तेल और डीजल भंडार का बड़ा हिस्सा बाजार में जारी करने पर सहमति जताई है। इसके तहत करीब 10 करोड़ (100 मिलियन) बैरल तक ईंधन जारी किया जा सकता है।
ब्रिटिश दैनिक समाचार पत्र 'द गार्डियन' के अनुसार, फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने शुक्रवार को जी7 नेताओं के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस के बाद बताया कि सदस्य देशों ने वैश्विक बाजार में आपूर्ति बढ़ाने और पेट्रोलियम उत्पादों, खासकर डीजल की कीमतों को नियंत्रित करने के लिए रणनीतिक भंडार का इस्तेमाल करने पर सहमति जताई है।
प्रस्ताव के अनुसार, करीब 5 करोड़ बैरल डीजल और 5 करोड़ बैरल कच्चा तेल बाजार में जारी किया जाएगा। मैक्रों के मुताबिक, शुरुआती 20 दिनों में बड़ी मात्रा में डीजल उपलब्ध कराया जाएगा और इसके बाद जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त भंडार जारी करने के विकल्प पर चर्चा की जाएगी।
गाैरतलब है कि, जी7 देशाें में अमेरिका, ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी, इटली, कनाडा और जापान शामिल हैं। मैक्रों ने कहा कि सदस्य देश यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं कि ईंधन की आपूर्ति बनाए रखने के लिए निर्यात पर कोई प्रतिबंध न लगे।
वहीं, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि यूरोपीय देश अपने बड़े डीजल भंडार का एक महत्वपूर्ण हिस्सा जारी करने पर सहमत हुए हैं और प्रक्रिया तत्काल शुरू होगी। अमेरिका ने इससे पहले यूरोपीय देशों पर अपने रणनीतिक भंडार का इस्तेमाल करने का दबाव बनाया था।
अमेरिकी डीजल निर्यात पर संभावित रोक यूरोप के लिए चिंता का विषय है। यूरोप अपनी डीजल जरूरत का करीब 70 प्रतिशत घरेलू रिफाइनरियों से पूरा करता है, जबकि बाकी आपूर्ति के लिए आयात पर निर्भर रहता है। मध्य पूर्व से ईंधन आपूर्ति में व्यवधान और क्षेत्रीय रिफाइनरियों के उत्पादन में कमी के साथ चीन की रिफाइनरियों के उत्पादन में भी गिरावट आई है। वहीं, यूक्रेन की ओर से रूसी रिफाइनरियों पर किए गए हमलों ने रूस के ईंधन उत्पादन को प्रभावित किया है।
इन परिस्थितियों के बीच अमेरिका ने विदेशी खरीदारों को डीजल और अन्य रिफाइंड ईंधन का रिकॉर्ड निर्यात किया। इससे अमेरिकी डिस्टिलेट भंडार मौसमी आधार पर 1996 के बाद सबसे निचले स्तर तक पहुंच गया।
ब्रिटेन में शुक्रवार को डीजल की औसत कीमत £2 प्रति लीटर तक पहुंच गई। एक औसत पारिवारिक कार की टंकी भरने की लागत करीब £110 हो गई है। वैश्विक बाजार में शुक्रवार को ब्रेंट क्रूड की कीमत 100 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर रही। रणनीतिक भंडार जारी करने की खबर के बाद कीमत कुछ समय के लिए करीब 98 डॉलर तक नीचे आई, लेकिन बाद में फिर 102 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंच गई।
मैक्वेरी ग्रुप के वॉल्ट चांसलर ने कहा कि केवल रणनीतिक भंडार जारी करने से अमेरिका या वैश्विक ऊर्जा बाजार की मूल समस्या का समाधान नहीं होगा। उनके मुताबिक, मौजूदा संकट से निपटने के लिए मध्य पूर्व और होर्मुज जलडमरूमध्य के रास्ते तेल की आपूर्ति बढ़ाना महत्वपूर्ण होगा।
इससे पहले अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी (आईईए) ने मार्च में अपने इतिहास में सरकारी तेल भंडार की सबसे बड़ी सामूहिक निकासी का फैसला किया था। ईरान पर अमेरिकी-इजराइली हमलों के बाद आपूर्ति और कीमतों पर दबाव कम करने के लिए 40 करोड़ बैरल आपातकालीन कच्चा तेल जारी करने पर सहमति बनी थी। यह मात्रा आईईए देशों के कुल सरकारी भंडार का लगभग एक-तिहाई थी।
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डोनाल्ड ट्रंप की धमकी के बाद जी7 देश जारी करेंगे 10 करोड़ बैरल इमरजेंसी तेल व डीजल भंडार















